Wednesday, 31 October 2018

Diwali Whatsapp Messages/Status In English 2018


Diwali aai, masti chahi, rangi rangoli, deep jalaye, Dhoom Dhadaka, chhoda phataka, jali Phuljadiyan, Sabko Bhaye, ADVANCE "Happy Diwali !"
DIPAVALICHYA HARDIK SHUBHECHHA!
diwali whatsapp messages english
May millions of lamps illuminate your life
With endless joy, prosperity, health & wealth forever
Wishing u and your family a very
"HAPPY DIWALI"
Candles to enjoy life;
Decorations to light life;
Presents to share success;
Fire Crackers to burn evils;
Sweets to sweeten success;
And Puja to thank God!
**Diwali Mubarak**
Light a lamp of love!
Blast a chain of sorrow!
Shoot a rocket of prosperity!
Fire a flowerpot of happiness!
Wish u and your family a
**SPARKLING DIWALI**

The gorgeous festival of snacks and sweets,
Everyone enjoying a royal feast,
When old and young with delight meet,
and with love and affection do all hearts beat.
There comes a Sparkling festival of Lights!!
Happy Diwali 2018
Happy Diwali SMS in Advance
Jagmag Jagmag jalte ye sunder deep,
Charon taraf roshni hi roshi ho,
Meri hai duha yahee,
Honto par aapki hardam hansi hee hansi ho...
Happy Diwali 2018**
Dosto se har lamhe me Diwali hai,
Dosti ki ye dunia diwani hai,
Dosto ke bina jindgi bekar hai,
Dosto se hi to jindgi me bahar hai...
**Happy Diwali 2018**
The Array Of Beautiful Colors,
The Scent of Flowers,
Diwali Is Finally Here,
Children Play and Crackers Are Heard,
God Bless You All.
--Happy Diwali—

Aree mamu Kya Bharosa hai iss- *Mobile Ka*
*Battery ka*
*Charger Ka*
*Network Ka*
*Balance Ka*
*Life ka*
*Time ka*
Isiliye Advance Me
“Happy Diwali-2018 in Advance”
With shine of Diyas and the Echo of Chants...
May prosperity and happiness fill your life..!!
Wishing you a very happy and prosperous Happy Diwali
* * *
*** * * ***
***** * Happy * *****
| | * Diwali * | |
| | * 2018 * | |
| | * * | |
| | * | |
Candles to enjoy life;
Decorations to light life;
Presents to share success;
Fire Crackers to burn evils;
Sweets to sweeten success;
And Puja to thank God!
Diwali Mubarak..!!
It Is Time To Feel Good,
Time 4 Reunion,
Time 2 Share Happiness,
Time to Feel Being Loved,
Time 2 Show Ur Love,
Time 2 Live For Others And
Time to Wish for Peace..!!
**HAPPY SHUBH DIWALI**

Life with you is like Diwali, so let’s promise to be together like this forever. Wish you a very Happy Diwali!
Wishing you a year rich with wisdom, light and love… Happy Diwali
Let’s fill our home with prayers and lights not with fumes and crackers!!
**Happy Diwali**
"May Goddess Lakshmi fill your life with happiness, joy and peace this Diwali…!”
**Happy Diwali to you and your family**
Kuber ke khazane, Lakshmi ma ki kripa aur Ganesh ji ke aashirvad se
Mangalmay ho aapka aane wala saal
Prassanta aur ulaas se.
Deepavali ki hardik shubhkamnayen!!
"Wish you and your family a bombastic Diwali, Have loads of fun and loads of masti.”
Just wanted to wish a little sunshine back into the heart of someone who gives it away all year long. Happy Diwali !
Diwali night is full of lights, may your life be filled with colors and lights of happiness. Happy Diwali !
The Array Of Beautiful Colors,
The Scent of Flowers,
Diwali Is Finally Here,
Children Play and Crackers Are Heard,
God Bless You All.
**Happy Diwali**
Diwali Ki Light
Kare Sab Ko Delight
Pakro Masti Ki Flight Aur
Dhoom Machao All Night..
God Bless You All.
Happy Diwali !!

Top 50+ Happy Diwali Status In Hindi 2018 (Whatsapp,Facebook Status)

दीपावली के शुभ अवसर पर याद आपकी आए,शब्द शब्द जोड़ कर देते तुम्हें बधाई।

दीपावली में दीयों का दीदार, बड़ों का दुलार और सबको प्यार॥ Happy Diwali

देवी महालक्ष्मी की कृपा से…आपके घर में हमेशा उमंग और आनंद की रौनक हो..इस पावन मौके पर आप सबको दिवाली की हार्दिक शुभकामनाएँ॥
Happy Diwali Status in Hindi {Latest Updated}
फूल की शुरुआत कली से होती है..जिन्दगी की शुरुआत प्यार से होती है..प्यार की शुरुआत अपनों से होती है..अपनों की शुरुआत आपसे होती है॥ॐदिवाली की हार्दिक शुभकामनाएँॐ

हर घर में हो उजाला, आए ना रात काली, हर घर मे माने खुशिया, हर घर मे हो दिवाली

दिए की रोशनी से सब अन्धेरा दूर हो जाए..दुआ है कि जो चाहो वो खुशी मनज़ूर हो जाए॥ॐदिवाली की हार्दिक शुभकामनाएँॐ

क्या बताएं ग़ालिब अपनी नौकरी, ज़िन्दगी का आलम-ए-बेबसी ……..कि अब तो दीवाली भी रूठ कर Sunday को जा पहुंची 😉😂😉😂😉😂
तू पटाखा है किसी और का, तुझे फोड़ता कोई और है।

तुम्हारी आँखें पटाखा , तुम्हारे होंठ राकेट
तुम्हारे कान चरखड़ी , तुम्हारी नाक फुलझड़ी
तुम्हारा स्टाइल अनार , तुम्हारी शख्सियत bomb
SMS करो जल्दी वरना I am coming with aggarbatti

दीपक का प्रकाश हर पल आपके जीवन में एक नयी रौशनी दे एवं रौशनी का यह पावन त्यौहार आपके जीवन में सुख शांति एवं समृद्धि प्रदान करे” सभी को हमारी और से दिवाली की हार्दिक

“दीवाली के इस मंगल अवसर पर ,आप सभी की मनोकामना पूरी हों, खुशियाँ आपके कदम चूमे ,इसी कामना के साथ आप सभी को दिवाली की ढेरों बधाई .”
Happy Diwali Status in Hindi for WhatsApp 
One line Diwali Whatsapp Status in Hindi
सुख संपत्ति घर आवे.. शुभ दीपावली।

Happy Diwali Status for Facebook
हरदम खुशियाँ हो साथ, कभी दामन ना हो खाली, हम सभी की तरफ से, आपको.. शुभ दीपावली!

Diwali Status in Hindi for Friends
खूब मीठे मीठे पकवान खाएं, सेहत मैं चार चाँद लगायें, लोग तो सिर्फ चाँद तक गए हैं, आप उस से भी ऊपर जाएँ, दीवाली की शुभकामनायें।

Funny Diwali Status for Friends
खुशियाँ हों overflow, मस्ती कभी न हों low, दोस्ती का सरुर छाया रहे, ऐसा आये आपके लिए दिवाली का त्यौहार।
दिवाली स्टेटस इन हिंदी
Happy Diwali Whatsapp Status in Hindi
आपको और आपके समस्त परिवार को दीपावली के पावन पर्व पर हमारी ओर से हार्दिक शुभकामनाएँ!!!


Happy Deepawali Status Message in Hindi
जगमग जगमग दीप जल उठे, द्वार द्वार आए दीपावली। दीपावली के इस पावन अवसर पर आपको एवं आपके परिवार को हार्दिक शुभकामनाएँ।

Happy Diwali Status in Hindi for Family
दीवाली के इस मंगल अवसर पर, आप सभी की मनोकामना पूरी हों, खुशियाँ आपके कदम चूमे, इसी कामना के साथ आप सभी को दिवाली की ढेरों बधाई.

Happy Diwali Whatsapp Status in Hindi
आई आई दिवाली आई, साथ माँ कितनी खुशियाँ लायी, धूम मचाओ मौज मनाओ, आप सभी को दिवाली की बधाई. शुभ दीवाली।

Short Happy Diwali Whatsapp Status
दीपक का पर्काश हर पल आपके जीवन मैं एक नयी रौशनी दे, बस यही शुभकामना है हमारी आपके लिए दीवाली के इस पवन अवसर पर .. शुभ दीवाली

Two Line Diwali Wishing Facebook Status
है रौशनी का त्यौहार, लाये हर चेहरे पर मुस्कान, सुख और समृधि की बहार, समेट लो सारी खुशियाँ, अपनों का साथ और प्यार.. शुभ दीवाली।

Deepavali Status Uploads for Facebook
झिलमिलते दीपों की आभा से प्रकाशित ये दीवाली आपके घर आँगन में, धन धान्य सुख सम्रिधि और ईश्वर का अन्नत आशीर्वाद लेकर आए..!! Happy Diwali

Latest Diwali Wishing Status FB & Whatsapp
आपका एवें आपके परिवार का हर दिन हर पल शुभ हो, और आप उत्तरोत्तर प्रगति पथ पर अग्रसर रहे, दीपावली महापर्व पर ऐसी शुभकामनाये !!!!!!

आँखो से आँसूओं की जुदाई कर दो, दिल से ग़मों की विदाई कर दो, अगर दिल ना लगे कहीं तो, आ जाओ मेरे घर.. और मेरे घर की सफाई कर दो… और याद रहे यह Offer दिवाली तक ही है

बुरा ना मानो होली है… यह कह कर किसीने मुझ पर रंग फेंक दिया था… आज ‘बुरा ना मानो दिवाली है’ यह कहकर मैंने उस पर **बम** फेंक दिया… आज पूरा मोहल्ला मुझे ढूंढ रहा है…

 “धन लक्ष्मी से भर जाये घर हो वैभव अपार खुशियो के दीपो से सज्जित हो सारा संसार
आंगन आये बिराजे लक्ष्मी करे विश्व सत्कार मन आंगन मे भर दे उजाला दीपो का त्योहार.!”

 “दिवाली तुम भी मनाते हो; दिवाली हम भी मनाते हैं; बस फर्क सिर्फ इतना है कि हम दियें जलाते हैं;
और तुम दिल जलाते हो!
शुभ दीपावली!”

Safalta Kadam Chumti rahe, Khushi Aaspas ghumti rahe, Yash Itna faile ki KASTURI Sharma Jaye, Laxmi ki kripa itni ho ki BALAJI bhi dekhte rah jaye.

Aayi hai diwali dekho, Sang layi khushiya dekho.. Yehan wahan jahan dekho Aaj deep jagmagate dekho *Happy Diwali*

Deepak ka prakash har pal aapke jivan me ek nayi roshni de, Bas yehi shubhkamna hai hamari aapke liye diwali ke is paawan avsar par, !! Happy diwali !!

“आज ढाई – तीन बजे के बाद उन लोगो को टेंशन शुरू हो जायेगा जिन्होंने कहा था की…
Payment दिवाली बाद दे दूंगा!”

“दीपक की रौशनी, पटाखों की आवाज,सूरज की किरणे,खुशियों की बोछार, चन्दन की खुशबु, अपनों का प्यार,मुबारक हो आप को दीवाली का त्यौहार.. “

बलात्कार (Rape) का आरंभ कब हुआ ? History In Hindi

यौन अपराध किसकी देन: आखिर भारत जैसे देवियों को पूजने वाले देश में बलात्कार की गन्दी मानसिकता कहाँ से आयी। आखिर क्या बात है कि जब प्राचीन भारत के रामायण, महाभारत आदि लगभग सभी हिन्दू-ग्रंथ के उल्लेखों में अनेकों लड़ाईयाँ लड़ी और जीती गयीं, परन्तु विजेता सेना द्वारा किसी भी स्त्री का बलात्कार होने का जिक्र नहीं है।तब आखिर ऐसा क्या हो गया ?? कि आज के आधुनिक भारत में बलात्कार रोज की सामान्य बात बन कर रह गयी है ??श्री राम ने लंका पर विजय प्राप्त की पर न ही उन्होंने और न उनकी सेना ने पराजित लंका की स्त्रियों को हाथ लगाया ।महाभारत में पांडवों की जीत हुयी लाखों की संख्या में योद्धा मारे गए। पर किसी भी पांडव सैनिक ने किसी भी कौरव सेना की विधवा स्त्रियों को हाथ तक न लगाया ।अब आते हैं ईसापूर्व इतिहास में 220-175 ईसापूर्व में यूनान के शासक "डेमेट्रियस प्रथम" ने भारत पर आक्रमण किया। 183 ईसापूर्व के लगभग उसने पंजाब को जीतकर साकल को अपनी राजधानी बनाया और पंजाब सहित सिन्ध पर भी राज किया। लेकिन उसके पूरे समयकाल में बलात्कार का कोई जिक्र नहीं।इसके बाद "युक्रेटीदस" भी भारत की ओर बढ़ा और कुछ भागों को जीतकर उसने "तक्षशिला" को अपनी राजधानी बनाया। बलात्कार का कोई जिक्र नहीं।"डेमेट्रियस" के वंश के मीनेंडर (ईपू 160-120) ने नौवें बौद्ध शासक "वृहद्रथ" को पराजित कर सिन्धु के पार पंजाब और स्वात घाटी से लेकर मथुरा तक राज किया परन्तु उसके शासनकाल में भी बलात्कार का कोई उल्लेख नहीं मिलता।
"सिकंदर" ने भारत पर लगभग 326-327 ई .पू आक्रमण किया जिसमें हजारों सैनिक मारे गए । इसमें युद्ध जीतने के बाद भी राजा "पुरु" की बहादुरी से प्रभावित होकर सिकंदर ने जीता हुआ राज्य पुरु को वापस दे दिया और"बेबिलोन" वापस चला गया ।विजेता होने के बाद भी "यूनानियों" (यवनों) की सेनाओं ने किसी भी भारतीय महिला के साथ बलात्कार नहीं किया और न ही "धर्म परिवर्तन" करवाया ।इसके बाद "शकों" ने भारत पर आक्रमण किया (जिन्होंने ई.78 से शक संवत शुरू किया था)। "सिन्ध" नदी के तट पर स्थित "मीननगर" को उन्होंने अपनी राजधानी बनाकर गुजरात क्षेत्र के सौराष्ट्र , अवंतिका, उज्जयिनी,गंधार,सिन्ध,मथुरा समेत महाराष्ट्र के बहुत बड़े भू भाग पर 130 ईस्वी से 188 ईस्वी तक शासन किया। परन्तु इनके राज्य में भी बलात्कार का कोई उल्लेख नहीं।इसके बाद तिब्बत के "युइशि" (यूची) कबीले की लड़ाकू प्रजाति "कुषाणों" ने "काबुल" और "कंधार" पर अपना अधिकार कायम कर लिया। जिसमें "कनिष्क प्रथम" (127-140ई.) नाम का सबसे शक्तिशाली सम्राट हुआ। जिसका राज्य "कश्मीर से उत्तरी सिन्ध" तथा "पेशावर से सारनाथ" के आगे तक फैला था। कुषाणों ने भी भारत पर लम्बे समय तक विभिन्न क्षेत्रों में शासन किया। परन्तु इतिहास में कहीं नहीं लिखा कि इन्होंने भारतीय स्त्रियों का बलात्कार किया हो ।इसके बाद "अफगानिस्तान" से होते हुए भारत तक आये"हूणों" ने 520 AD के समयकाल में भारत पर अधिसंख्य बड़े आक्रमण किए और यहाँ पर राज भी किया। ये क्रूर तो थे परन्तु बलात्कारी होने का कलंक इन पर भी नहीं लगा।इन सबके अलावा भारतीय इतिहास के हजारों साल के इतिहास में और भी कई आक्रमणकारी आये जिन्होंने भारत में बहुत मार काट मचाई जैसे "नेपालवंशी" "शक्य" आदि। पर बलात्कार शब्द भारत में तब तक शायद ही किसी को पता था।। 


मध्यकालीन भारत
अब आते हैं मध्यकालीन भारत में जहाँ से शुरू होता है इस्लामी आक्रमणऔर यहीं से शुरू होता है भारत में बलात्कार का प्रचलन।सबसे पहले 711 ईस्वी में "मुहम्मद बिन कासिम" ने सिंध पर हमला करके राजा "दाहिर" को हराने के बाद उसकी दोनों "बेटियों" को "यौनदासियों" के रूप में "खलीफा" को तोहफा भेज दिया। तब शायद भारत की स्त्रियों का पहली बार बलात्कार जैसे कुकर्म से सामना हुआ जिसमें "हारे हुए राजा की बेटियों" और "साधारण भारतीय स्त्रियों" का "जीती हुयी इस्लामी सेना" द्वारा बुरी तरह से बलात्कार और अपहरण किया गया ।फिर आया 1001 इस्वी में "गजनवी"। इसके बारे में ये कहा जाता है कि इसने "इस्लाम को फ़ैलाने" के उद्देश्य से ही आक्रमण किया था।"सोमनाथ के मंदिर" को तोड़ने के बाद इसकी सेना ने हजारों "हिन्दू औरतों" का बलात्कार किया फिर उनको अफगानिस्तान ले जाकर "बाजारों में बोलियाँ" लगाकर"जानवरों" की तरह "बेच" दिया ।फिर "गौरी" ने 1192 में "पृथ्वीराज चौहान" को हराने के बाद भारत में "इस्लाम का प्रकाश" फैलाने के लिए "हजारों काफिरों" को मौत के घाट उतर दिया और उसकी "फौज" ने "अनगिनत हिन्दू स्त्रियों" के साथ बलात्कार कर उनका "धर्म-परिवर्तन"करवाया। मुहम्मद बिन कासिम से लेकर सुबुक्तगीन, बख्तियार खिलजी, जूना खाँ उर्फ अलाउद्दीन खिलजी, फिरोजशाह, तैमूरलंग, आरामशाह, इल्तुतमिश, रुकुनुद्दीन फिरोजशाह, मुइजुद्दीन बहरामशाह, अलाउद्दीन मसूद, नसीरुद्दीन महमूद, गयासुद्दीन बलबन, जलालुद्दीन खिलजी, शिहाबुद्दीन उमर खिलजी, कुतुबुद्दीन मुबारक खिलजी, नसरत शाह तुगलक, महमूद तुगलक, खिज्र खां, मुबारक शाह, मुहम्मद शाह, अलाउद्दीन आलम शाह, बहलोल लोदी, सिकंदर शाह लोदी, बाबर, नूरुद्दीन सलीम जहांगीर,अपने हरम में "8000 रखैलें रखने वाला शाहजहाँ"


इसके आगे अपने ही दरबारियों और कमजोर मुसलमानों की औरतों से अय्याशी करने के लिए "मीना बाजार" लगवाने वाला "जलालुद्दीन मुहम्मद अकबर"।मुहीउद्दीन मुहम्मद से लेकर औरंगजेब तक बलात्कारियों की ये सूची बहुत लम्बी है। जिनकी फौजों ने हारे हुए राज्य की लाखों "हिन्दू महिलाओं" "(माल-ए-गनीमत)"का बेरहमी से बलात्कार किया और "जेहाद के इनाम" के तौर पर कभी वस्तुओं की तरह "सिपहसालारों" में बांटा तो कभी बाजारों में "जानवरों की तरह उनकी कीमत लगायी" गई।ये असहाय और बेबस महिलाएं "हरमों" से लेकर"वेश्यालयों" तक में पहुँची। इनकी संतानें भी हुईं पर वो अपने मूलधर्म में कभी वापस नहीं पहुँच पायीं।वास्तव में मध्यकालीन भारत में मुगलों द्वारा"पराजित हिन्दू (काफिर) स्त्रियों का बलात्कार" करना एक आम बात थी क्योंकि वो इसे "अपनी जीत" या "जिहाद का इनाम" (माल-ए-गनीमत) मानते थे।केवल यही नहीं इन सुल्तानों द्वारा किये अत्याचारों और असंख्य बलात्कारों के बारे में आज के किसी इतिहासकार ने नहीं लिखा।बल्कि खुद इन्हीं सुल्तानों के साथ रहने वाले लेखकों ने बड़े ही शान से अपनी कलम चलायीं और बड़े घमण्ड से अपने मालिकों द्वारा काफिरों को सबक सिखाने का विस्तृत वर्णन किया।


गूगल के कुछ लिंक्स पर क्लिक करके हिन्दुओं और हिन्दू महिलाओं पर हुए "दिल दहला" देने वाले अत्याचारों के बारे में विस्तार से जान पाएँगे। वो भी पूरे सबूतों के साथ।इनके सैकड़ों वर्षों के खूनी शासनकाल में भारत की हिन्दू जनता अपनी महिलाओं का सम्मान बचाने के लिए देश के एक कोने से दूसरे कोने तक भागती और बसती रहीं।इन मुस्लिम बलात्कारियों से सम्मान-रक्षा के लिए हजारों की संख्या में हिन्दू महिलाओं ने स्वयं को जौहर की ज्वाला में जलाकर भस्म कर लिया।ठीक इसी काल में कभी स्वच्छंद विचरण करने वाली भारतवर्ष की हिन्दू महिलाओं को भी मुस्लिम सैनिकों की दृष्टि से बचाने के लिए पर्दा-प्रथा की शुरूआत हुई।महिलाओं पर अत्याचार और बलात्कार का इतना घिनौना स्वरूप तो 17वीं शताब्दी के प्रारंभ से लेकर 1947 तक अंग्रेजों की ईस्ट इंडिया कंपनी के शासनकाल में भी नहीं दिखीं। अंग्रेजों ने भारत को बहुत लूटा परन्तु बलात्कारियों में वे नहीं गिने जाते।1946 में मुहम्मद अली जिन्ना के डायरेक्ट एक्शन प्लान, 1947 विभाजन के दंगों से लेकर 1971 के बांग्लादेश मुक्ति संग्राम तक तो लाखों हिन्दू(काफिर) महिलाओं का बलात्कार हुआ या फिर उनका अपहरण हो गया। फिर वो कभी नहीं मिलीं।इस दौरान स्थिती ऐसी हो गयी थी कि "पाकिस्तान समर्थित मुस्लिम बहुल इलाकों" से "बलात्कार" किये बिना एक भी "हिन्दू (काफिर) स्त्री" वहां से वापस नहीं आ सकती थी।विभाजन के समय पाकिस्तान के कई स्थानों में सड़कों पर काफिर स्त्रियों की "नग्न यात्राएं (धिंड) "निकाली गयीं, "बाज़ार सजाकर उनकी बोलियाँ लगायी गयीं"और 10 लाख से ज्यादा की संख्या में उनको दासियों की तरह खरीदा बेचा गया। 20 लाख से ज्यादा महिलाओं को जबरन मुस्लिम बना कर अपने घरों में रखा गया।

इस विभाजन के दौर में हिन्दुओं को मारने वाले सबके सब विदेशी नहीं थे। इन्हें मारने वाले स्थानीय मुस्लिम भी थे।वे समूहों में कत्ल से पहले हिन्दुओं के अंग-भंग करना, आंखें निकालना, नाखुन खींचना, बाल नोचना, जिंदा जलाना, चमड़ी खींचना खासकर महिलाओं का बलात्कार करनेके बाद उनके "स्तनों को काटकर" तड़पा-तड़पा कर मारना आम बात थी।

अंत में कश्मीर की बात
19 जनवरी 1990 सारे कश्मीरी पंडितों के घर के दरवाजों पर नोट लगा दिया जिसमें लिखा था "या तो मुस्लिम बन जाओ या मरने के लिए तैयार हो जाओ या फिर कश्मीर छोड़कर भाग जाओ लेकिन अपनी औरतों को यहीं छोड़कर "।लखनऊ में विस्थापित जीवन जी रहे कश्मीरी पण्डित संजय बहादुर उस मंजर को याद करते हुए आज भी सिहर जाते हैं।


वह कहते हैं कि "मस्जिदों के लाउडस्पीकर" लगातार तीन दिन तक यही आवाज दे रहे थे कि यहां क्या चलेगा,"निजाम-ए-मुस्तफा", 'आजादी का मतलब क्या "ला इलाहा इलल्लाह", 'कश्मीर में अगर रहना है, "अल्लाह-ओ-अकबर"कहना है।और 'असि गच्ची पाकिस्तान, बताओ "रोअस ते बतानेव सान" जिसका मतलब था कि हमें यहां अपना पाकिस्तान बनाना है, कश्मीरी पंडितों के बिना मगर कश्मीरी पंडित महिलाओं के साथ।सदियों का भाईचारा कुछ ही समय में समाप्त हो गया जहाँ पंडितों से ही तालीम हासिल किए लोग उनकी ही महिलाओं की अस्मत लूटने को तैयार हो गए थे।सारे कश्मीर की मस्जिदों में एक टेप चलाया गया। जिसमें मुस्लिमों को कहा गया की वो हिन्दुओं को कश्मीर से निकाल बाहर करें। उसके बाद कश्मीरी मुस्लिम सड़कों पर उतर आये।उन्होंने कश्मीरी पंडितों के घरों को जला दिया, कश्मीर पंडित महिलाओ का बलात्कार करके, फिर उनकी हत्या करके उनके "नग्न शरीर को पेड़ पर लटका दिया गया"।


कुछ महिलाओं को बलात्कार कर जिन्दा जला दिया गया और बाकियों को लोहे के गरम सलाखों से मार दिया गया।कश्मीरी पंडित नर्स जो श्रीनगर के सौर मेडिकल कॉलेजअस्पताल में काम करती थी, का सामूहिक बलात्कार किया गया और मार मार कर उसकी हत्या कर दी गयी।बच्चों को उनकी माँओं के सामने स्टील के तार से गला घोंटकर मार दिया गया।कश्मीरी हिन्दू महिलाएँ पहाड़ों की गहरी घाटियों और भागने का रास्ता न मिलने पर ऊंचे मकानों की छतों से कूद कूद कर जान देने लगी।लेखक राहुल पंडित उस समय 14 वर्ष के थे। बाहर माहौल ख़राब था। मस्जिदों से उनके ख़िलाफ़ नारे लग रहे थे। पीढ़ियों से उनके भाईचारे से रह रहे पड़ोसी ही कह रहे थे, 'मुसलमान बनकर आज़ादी की लड़ाई में शामिल हो या वादी छोड़कर भागो'।राहुल पंडिता के परिवार ने तीन महीने इस उम्मीद में काटे कि शायद माहौल सुधर जाए। राहुल आगे कहते हैं,"कुछ लड़के जिनके साथ हम बचपन से क्रिकेट खेला करते थेवही हमारे घर के बाहर पंडितों के ख़ाली घरों को आपस में बांटने की बातें कर रहे थे और हमारी लड़कियों के बारे में गंदी बातें कह रहे थे। ये बातें मेरे ज़हन में अब भी ताज़ा हैं।1989 में कश्मीर में जिहाद के लिए गठित जमात-ए-इस्लामी संगठन का नारा था- 'हम सब एक, तुम भागो या मरो'।घाटी में कई कश्मीरी पंडितों की बस्तियों में सामूहिक बलात्कार और लड़कियों के अपहरण किए गए। हालात और बदतर हो गए थे।कुल मिलाकर हजारों की संख्या में हिन्दू(काफिर) महिलाओं का बलात्कार किया गया।


आज आप जिस तरह दाँत निकालकर धरती के जन्नत कश्मीर घूमकर मजे लेने जाते हैं और वहाँ के लोगों को रोजगार देने जाते हैं। उसी कश्मीर की हसीन वादियों में आज भी सैकड़ों कश्मीरी हिन्दू बेटियों की बेबस कराहें गूंजती हैं, जिन्हें केवल "हिन्दू(काफिर)" होने की सजा मिली।घर, बाजार, हाट, मैदान से लेकर उन खूबसूरत वादियों में न जाने कितनी जुल्मों की दास्तानें दफन हैं जो आज तक अनकही हैं। घाटी के खाली, जले मकान यह चीख-चीख के बताते हैं कि रातों-रात दुनिया जल जाने का मतलब कोई हमसे पूछे। झेलम का बहता हुआ पानी उन रातों की वहशियत के गवाह हैं जिसने कभी न खत्म होने वाले दाग इंसानियत के दिल पर दिए।लखनऊ में विस्थापित जीवन जी रहे कश्मीरी पंडित रविन्द्र कोत्रू के चेहरे पर अविश्वास की सैकड़ों लकीरें पीड़ा की शक्ल में उभरती हुईं बयान करती हैं कि यदि आतंक के उन दिनों में घाटी की मुस्लिम आबादी ने उनका साथ दिया होता जब उन्हें वहां से खदेड़ा जा रहा था, उनके साथ कत्लेआम हो रहा था तो किसी भी आतंकवादी में ये हिम्मत नहीं होती कि वह किसी कश्मीरी पंडित को चोट पहुंचाने की सोच पाता लेकिन तब उन्होंने हमारा साथ देने के बजाय कट्टरपंथियों के सामने घुटने टेक दिए थे या उनके ही लश्कर में शामिल हो गए थे।अभी हाल में ही आप लोगों ने टीवी पर "अबू बकर अल बगदादी" के जेहादियों को काफिर "यजीदी महिलाओं" को रस्सियों से बाँधकर कौड़ियों के भाव बेचते देखा होगा।पाकिस्तान में खुलेआम हिन्दू लड़कियों का अपहरण कर सार्वजनिक रूप से मौलवियों की टीम द्वारा धर्मपरिवर्तन कर निकाह कराते देखा होगा।बांग्लादेश से भारत भागकर आये हिन्दुओं के मुँह से महिलाओं के बलात्कार की हजारों दुःखद घटनाएँ सुनी होंगी।


यहाँ तक कि म्यांमार में भी एक काफिर बौद्ध महिला के बलात्कार और हत्या के बाद शुरू हुई हिंसा के भीषण दौर को देखा होगा।केवल भारत ही नहीं बल्कि पूरी दुनियाँ में इस सोच ने मोरक्को से ले कर हिन्दुस्तान तक सभी देशों पर आक्रमण कर वहाँ के निवासियों को धर्मान्तरित किया, संपत्तियों को लूटा तथा इन देशों में पहले से फल फूल रही हजारों वर्ष पुरानी सभ्यता का विनाश कर दिया।परन्तु पूरी दुनियाँ में इसकी सबसे ज्यादा सजा महिलाओं को ही भुगतनी पड़ी...बलात्कार के रूप में ।आज सैकड़ों साल की गुलामी के बाद समय बीतने के साथ धीरे-धीरे ये बलात्कार करने की मानसिक बीमारी भारत के पुरुषों में भी फैलने लगी।जिस देश में कभी नारी जाति शासन करती थीं, सार्वजनिकरूप से शास्त्रार्थ करती थीं, स्वयंवर द्वारा स्वयं अपना वर चुनती थीं, जिन्हें भारत में देवियों के रूप में श्रद्धा से पूजा जाता था आज उसी देश में छोटी-छोटी बच्चियों तक का बलात्कार होने लगा और आज इस मानसिक रोग का ये भयानक रूप देखने को मिल रहा है।

Tuesday, 30 October 2018

Long Essay on Diwali in Hindi। दिवाली पर निबंध (700 शब्दों में )

दिवाली के इस खास उत्सव को मनाने के लिये हिन्दू धर्म के लोग बेहद उत्सुकता पूर्वक इंतजार करते है। ये बहुत ही महत्वपूर्णं त्योहार है, खास तौर से घर के बच्चों के लिये। इसलिये इस निबंध के द्वारा हमें अपने बच्चों को दीपावली की महत्ता और इतिहास से अवगत कराना चाहिए जिससे उन्हें घर और बाहर इसके अनुभवों का प्रयोग कर सकें।

दिपावली पर निबंध (Long and Short Essay on Diwali in Hindi)
Get essays on Diwali in Hindi language for students under 700 words limits.
दिवाली निबंध (700 शब्द)
प्रस्तावना
भारत एक ऐसा देश है जहाँ सबसे ज्यादा त्योहार मनाये जाते है, यहाँ विभिन्न धर्मों के लोग अपने-अपने उत्सव और पर्व को अपने परंपरा और संस्कृति के अनुसार मनाते है। दीवाली हिन्दू धर्म के लिये सबसे महत्वपूर्ण, पारंपरिक, और सांस्कृतिक त्योहार है जिसको सभी अपने परिवार, मित्र और पड़ोसियों के साथ पूरे उत्साह से मनाते है। दीपावली को रोशनी का त्योहार भी कहा जाता है। दीपावली, भारत में हिन्दुओं द्वारा मनाया जाने वाला सबसे बड़ा त्योहार है।

दीपावली कब और क्यों आता है?
ये बेहद खुशी का पर्व है जो हर साल अक्तूबर या नवंबर के महीने में आता है। हर साल आने वाली दीवाली के पीछे भी कई कहानीयाँ है जिसके बारे में हमें अपने बच्चों को जरूर बताना चाहिये। दीवाली मनाने का एक बड़ा कारण भगवान राम का अपने राज्य अयोध्या लौटना भी है, जब उन्होंने लंका के असुर राजा रावण को हराया था। इसके इतिहास को हर साल बुराई पर अच्छाई के प्रतीक के रुप में याद किया जाता है।

अपनी पत्नी सीता और छोटे भाई लक्ष्मण के साथ 14 साल का वनवास काट कर लौटे अयोध्या के महान राजा राम का अयोध्या वासियों ने जोरदार स्वागत किया था। अयोध्या वासियों ने अपने राजा के प्रति अपार स्नेह और लगाव को दिल से किये स्वागत के द्वारा प्रकट किया। उन्होंने अपने घर और पूरे राज्य को रोशनी से जगमगा दिया साथ ही राजा राम के स्वागत के लिये आतिशबाजी भी बजाए।

दीपावली का अर्थ
रोशनी का उत्सव ‘दीपावली’ असल में दो शब्दों से मिलकर बना है- दीप+आवली। जिसका वास्तविक अर्थ है, दीपों की पंक्ति। वैसे तो दीपावली मनाने के पीछे कई सारी पौराणिक कथाएं कही जाती है लेकिन जो मुख्य रुप से प्रचलित मान्यता है वो है असुर राजा रावण पर विजय और भगवान राम का चौदह साल का वनवास काटकर अपने राज्य अयोध्या लौटना।

इस दिन को हम बुराई पर अच्छाई की जीत के लिये भी जानते है। चार दिनों के इस पर्व का हर दिन किसी खास परंपरा और मान्यता से जुड़ा हुआ है जिसमें पहला दिन धनतेरस का होता है इसमें हमलोग सोने-चाँदी के आभूषण या बर्तन खरीदते है, दूसरे दिन छोटी दीपावली होती है जिसमें हमलोग शरीर के सारे रोग और बुराई मिटाने के लिये सरसों का उबटन लगाते है, तीसरे दिन मुख्य दीपावली होती है इस दिन लक्ष्मी-गणेश की पूजा की जाती है जिससे घर में सुख और संपत्ति का प्रवेश हो, चौथे दिन हिन्दू कैलंडर के अनुसार नए साल का शुभारम्भ होता है और अंत में पाँचवां दिन भाई-बहन का होता है अर्थात् इस दिन को भैया दूज कहते है।

बच्चों की दीवाली
बच्चे इस दिन का बेसब्री से इंतजार करते है और पर्व आने और बहुत खुश और उत्तेजित हो जाते है अपने भगवान को प्रसन्न करने के लिये लोगों ने लजीज पकवान बनाये, हर कोई एक दूसरे को बधाई दे रहा था, बच्चे भी खूब खुश थे और इधर-उधर घूमकर अपनी प्रसन्नता जाहिर कर रहे थे। हिन्दू कैलंडर के अनुसार सूरज डूबने के बाद लोग इसी दिन देवी लक्ष्मी और भगवान गणेश की पूजा करते है।

जहाँ एक ओर लोग ईश्वर की पूजा कर सुख, समृद्धि और अच्छे भविष्य की कामना करते है वहीं दूसरी ओर पाँच दिनों के इस पर्व पर सभी अपने घर में स्वादिष्ट भोजन और मिठाइयां भी बनाते है। इस दिन लोग पशा, पत्ता आदि कई प्रकार के खेल भी खेलना पसंद करते है। इसको मनाने वाले अच्छे क्रियाकलापों में भाग लेते है और बुराई पर अच्छाई की जीत के लिये गलत आदतों का त्याग करते हैं। इनका मानना है कि ऐसा करने से उनके जीवन में ढेर सारी खुशियाँ, समृद्धि, संपत्ति और प्रगति आयेगी। इस अवसर पर सभी अपने मित्र, परिवार और रिश्तेदारों को बधाई संदेश और उपहार देते है।

आर्थिक महत्व
दीवाली का त्यौहार भारत में खरीद के अवधि का पर्व है। यह पर्व नए कपड़े घर के सामान, उपहार, सोने, आभूषण और अन्य बड़ी खरीदारियों का समय है। इस पर्व पर खरीदारी और खर्च को काफी शुभ माना जाता है। क्योंकि लक्ष्मी को, धन, समृद्धि, और निवेश की देवी माना जाता है। दीवाली भारत में सोने और आभूषणों की खरीद का सबसे बड़ा त्यौहार माना जाता है। आतिशबाजी की खरीद भी इस दौरान अपने चरम सीमा पर रहती है। प्रत्येक वर्ष दीवाली के दौरान पांच हज़ार करोड़ रुपए के पटाखों अदि की खपत होती है।

निष्कर्ष
दीपावली पर्व है अपने अंदर के अंधकार को मिटा के समूचे वातावरण को प्रकाशमय बनाना। दीपावली हिंदूओं का प्रमुख पर्व है। यह पर्व समूचे भारत में उत्साह के साथ मनाया जाता है। दीपावली के दिन घरों में दिए, दुकानों तथा प्रतिष्ठानों पर बहुत सारे सजावट और दिए जलाये जाते है। बाजारों में खूब चहल-पहल होती है। मिठाई तथा पटाखों की दुकानें खूब सजी होती हैं। इस दिन पकवानों तथा मिठाइयों की खूब बिक्री होती है। बच्चे अपनी इच्छानुसार बम, फुलझड़ियां तथा अन्य पटाखे खरीदते हैं और बड़े बच्चों द्वारा किये गए आतिशबाजी का आनंद उठाते है।

Essay on Diwali in Hindi। दिवाली पर निबंध (300 और 400 शब्द में )

दिवाली के इस खास उत्सव को मनाने के लिये हिन्दू धर्म के लोग बेहद उत्सुकता पूर्वक इंतजार करते है। ये बहुत ही महत्वपूर्णं त्योहार है, खास तौर से घर के बच्चों के लिये। इसलिये इस निबंध के द्वारा हमें अपने बच्चों को दीपावली की महत्ता और इतिहास से अवगत कराना चाहिए जिससे उन्हें घर और बाहर इसके अनुभवों का प्रयोग कर सकें।
दिपावली पर निबंध (Long and Short Essay on Diwali in Hindi)
दिवाली निबंध  (300 शब्द)
प्रस्तावना
हिन्दू धर्म के लिये दीपावली एक महत्वपूर्ण त्योहार है। इसमें कई सारे संस्कार, परंपराएं और सांस्कृतिक मान्यताएं हैं। इसे सिर्फ देश में ही नहीं वरन् विदेशों में पूरे उत्साह के साथ मनाया जाता है। इस उत्सव से जुड़ी कई सारी पौराणिक कथाएँ है। इस कहानी के पीछे भगवान राम की राक्षस रावण पर जीत के साथ ही बुराई पर अच्छाई की विजय के प्रतीक के रुप में भी देखा जाता है। उस दिन कार्तिक महीने की अमावस्या थी। घने अंधकार में प्रकाश करने के लिए अयोध्या वासियों ने दिए जलाए थे। तब से यह दिन हर साल सभी भारतीय प्रकाश पर्व (दीपावली) के रूप में मनाते हैं

देवी लक्ष्मी और बुद्धि के देवता गणेश की पूजा
देवी लक्ष्मी के आगमन के लिये और जीवन के हर अंधेरों को दूर करने के लिये लोग अपने घरों और रास्तों को रोशनी से जगमगा देते है। इस दौरान सभी मजेदार खेलों का हिस्सा बनकर, स्वादिष्ट व्यंजनों का लुप्त उठा कर और दूसरी कई क्रियाओं में व्यस्त रहकर इस पर्व को मनाते है। सरकारी कार्यालयों को भी सजाया और साफ किया जाता है। मोमबत्ती और दीयों के रोशनी के बीच साफ-सफाई की वजह से हर जगह जादुई और सम्मोहक लगती है।

लोग इस पर्व को अपने परिजनों और खास मंत्रों के साथ मनाते है। इसमें वो एक-दूसरे को उपहार, मिठाइयाँ और दीपावली की बधाई देकर मनाते है। इस खुशी के मौके सभी भगवान की आराधना कर, खेलों के द्वारा, और पटाखों के साथ मनाते हैं। सभी अपनी क्षमता के अनुसार अपने प्रियजनों के लिये नये कपड़े खरीदते है। बच्चे खास तौर से इस मौके पर चमकते-धमकते कपड़े पहनते है।

निष्कर्ष
सूर्यास्त के बाद धन की देवी लक्ष्मी और बुद्धि के देवता गणेश की पूजा की जाती है। ऐसा माना जाता है कि देवी लक्ष्मी के घर में पधारने के लिये घरों की साफ-सफाई, दीयों से रोशनी और सजावट बहुत जरूरी है। इसे पूरे भारतवर्ष में एकता के प्रतीक के रुप देखा जाता है। भारत त्यौहारों का देश है, यहाँ समय-समय पर विभिन्न जातियों समुदायों द्वारा अपने-अपने त्यौहार मनाये जाते हैं सभी त्यौहारों में दीपावली सर्वाधिक प्रिय है। दीपों का त्यौहार दीपावली दीवाली जैसे अनेक नामों से पुकारा जाने वाला आनन्द और प्रकाश का त्यौहार है।

दिवाली निबंध 2 (400 शब्द)
प्रस्तावना
दीपावली एक महत्वपूर्ण और प्रसिद्ध उत्सव है जिसे हर साल देश और देश के बाहर विदेश में भी मनाया जाता है। इसे भगवान राम के चौदह साल के वनवास से अयोध्या वापसी के बाद और लंका के राक्षस राजा रावण को पराजित करने के उपलक्ष्य में मनाया जाता है।

भगवान राम की वापसी के बाद, भगवान राम के स्वागत के लिये सभी अयोध्या वासियों ने पूरे उत्साह से अपने घरों और रास्तों को सजा दिया। ये एक पावन हिन्दू पर्व है जो बुराई पर सच्चाई की जीत के प्रतीक के रुप में है। इसे सिक्खों के छठवें गुरु श्रीहरगोविन्द जी के रिहाई की खुशी में भी मनाया जाता है, जब उनको ग्वालियर के जेल से जहाँगीर द्वारा छोड़ा गया।

दीपावली कब-क्यों मनाई जाती है?

ये पर्व कार्तिक महीने की अमावस्या के दिन मनाई जाती है। अमावस्या के दिन बहुत ही अँधेरी रात होती है जिसमें दीवाली पर्व रोशनी फ़ैला ने का काम करती है। वैसे तो इस पर्व को लेकर कई कथाये है लेकिन कहते हैं भगवान राम 14 वर्ष के वनवास के बाद अयोध्या लौटे थे, इस खुशी में अयोध्या वासियों ने दीये जलाकर उनका स्वागत किया था।

बाजारों को दुल्हन की तरह शानदार तरीके से सजा दिया जाता है। इस दिन बाजारों में खासा भीड़ रहती है खासतौर से मिठाइयों की दुकानों पर, बच्चों के लिये ये दिन मानो नए कपड़े, खिलौने, पटाखे और उपहारों की सौगात लेकर आता है। दीवाली आने के कुछ दिन पहले ही लोग अपने घरों की साफ-सफाई के साथ बिजली की लड़ियों से रोशन कर देते है।

दीवाली उत्सव की तैयारी
दीवाली के दिन सब बहुत खुश रहते है एक दूसरे को बधाइयां देते है। बच्चे खिलौने और पटाके खरीदते है, दीवाली के कुछ दिन पहले से ही घर में साफ़ सफाई शुरू हो जाती है। लोग अपने घर का सज-सज्जा करते है। लोग इस अवसर पर नए कपड़े, बर्तन, मिठाइयां आदि खरीदते है।

देवी लक्ष्मी की पूजा के बाद आतिशबाजी का दौर शुरु होता है। इसी दिन लोग बुरी आदतों को छोड़कर अच्छी आदतों को अपनाते है। भारत के कुछ जगहों पर दीवाली को नया साल की शुरुआत माना जाता है साथ ही व्यापारी लोग अपने नया बही खाता से शुरुआत करते है।

निष्कर्ष
दीपावली, हिन्दुओं द्वारा मनाया जाने वाला सबसे बड़ा त्योहार है। दीपों का खास पर्व होने के कारण इसे दीपावली या दीवाली नाम दिया गया। कार्तिक माह की अमावस्या को मनाया जाने वाला यह महा पर्व, अंधेरी रात को असंख्य दीपों की रौनक से प्रकाशमय कर देता है। दीवाली सभी के लिये एक खास उत्सव है क्योंकि ये लोगों के लिये खुशी और आशीर्वाद लेकर आता है। इससे बुराई पर अच्छाई की जीत के साथ ही नया सत्र की शुरुआत भी होती है।

Short Essay on Diwali in Hindi। दिवाली पर निबंध (200 शब्द)

दिवाली के इस खास उत्सव को मनाने के लिये हिन्दू धर्म के लोग बेहद उत्सुकता पूर्वक इंतजार करते है। ये बहुत ही महत्वपूर्णं त्योहार है, खास तौर से घर के बच्चों के लिये। इसलिये इस निबंध के द्वारा हमें अपने बच्चों को दीपावली की महत्ता और इतिहास से अवगत कराना चाहिए जिससे उन्हें घर और बाहर इसके अनुभवों का प्रयोग कर सकें।

दिपावली पर निबंध ( Short Essay on Diwali in Hindi)

दिवाली निबंध (200 शब्द)
भारत एक ऐसा देश है जिसको त्योहारों की भूमि कहा जाता है। इन्हीं पर्वों में से एक खास पर्व है दीपावली जो दशहरा के 20 दिन बाद अक्तूबर या नवंबर के महीने में आता है। इसे भगवान राम के 14 साल का वनवास काटकर अपने राज्य में लौटने की खुशी में मनाया जाता है। अपनी खुशी जाहिर करने के लिये अयोध्या वासी इस दिन राज्य को रोशनी से नहला देते है साथ ही पटाखों की गूंज में सारा राज्य झूम उठता है।

दीपावली का मतलब होता है, दीपों की अवली यानी पंक्ति। इस प्रकार दीपों की पंक्तियों से सुसज्जित इस त्योहार को दीपावली कहा जाता है। दीवाली को रोशनी का उत्सव या लड़ीयों की रोशनी के रुप में भी जाना जाता है जो कि घर में लक्ष्मी के आने का संकेत है साथ ही बुराई पर अच्छाई की जीत के लिये मनाया जाता है। असुरों के राजा रावण को मारकर प्रभु श्रीराम ने धरती को बुराई से बचाया था। ऐसा माना जाता है कि इस दिन अपने घर, दुकान, और कार्यालय आदि में साफ-सफाई रखने से उस स्थान पर लक्ष्मी का प्रवेश होता है। उस दिन घरों को दियों से सजाना और पटाखे फोड़ने का भी रिवाज है।

ऐसी मान्यता है कि इस दिन नई चीजों को खरीदने से घर में लक्ष्मी माता आती है। इस दिन सभी लोग खास तौर से बच्चे उपहार, पटाखे, मिठाइयां और नये कपड़े बाजार से खरीदते है। शाम के समय, सभी अपने घर में लक्ष्मी आराधना करने के बाद घरों को रोशनी से सजाते है। पूजा संपन्न होने पर सभी एक दूसरे को प्रसाद और उपहार बाँटते है साथ ही ईश्वर से जीवन में खुशियों की कामना करते है। अंत में पटाखों और विभिन्न खेलों से सभी दीवाली की मस्ती में डूब जाते है।

Diwali Messages 2018: Best Diwali Wishes, SMS,Status & Quotes Collection

पेट्रोल हाइक है
इन्कम टाइट है
जेब खाली है
फिर भी आप सबको
हैप्पी वाली दिवाली है!
इस दिवाली अपने परिवार के साथ रहो .
बहुत सरे मज़े और उल्लास के साथ अपने घर को भर दो .
यह एक सबसे खास हो .
दीपावली मुबारक हो!

सागर भरी खुशियां,
आसमान भरा प्यार,
मिठाई की खुशबू,
दीपों की बहार,
मुबारक हो आपको
दिवाली का त्यौहार
हैप्पी दिवाली!!

 ये दिवाली आपके जीवन
में खुशियों की बरसात
लाए,
धन और शौहरत की
बौछार करे,
दिवाली की हार्दिक शुभकामनाएं!

आशा करते हैं रौशनी का त्यौहार आप पर धन और सौंदर्य की देवी के आशीर्वाद का बौछार हो !
इसकी चमक आपके घर से एकजुटता और समृधि प्रदान करे !
दिवाली पर आपको मेरी शुभकामनाएं !

दीपक का प्रकाश हर
पल आपके जीवन में
नई रोशनी लाए,
बस यही शुभकामना
है आपके लिए इस
दीपावली में।
शुभ दीपावली!

दीपावली आए तो
रंगी रंगोली,
दीप जलाए, धूम
धड़ाका,
छोड़ा पटाखा, जली
फुलझडि़यां
सबको भाए..
आप सबको दीपावलीकी शुभकामनाएं!

इस दिवाली के उत्सव की शुरुवात आपके सफलता और सम्पूर्ण जीवन से हो !
खुशहाल दिवाली हो !

दीपावली में दीपों
का दीदार हो,
और खुशियों की
बौछार हो।
शुभ दीपावली!

इस दिवाली में यही
कामना है कि
सफलता आपके कदम चूमे
और खुशी आपके आसपास हो।
माता लक्ष्मी की कृपा आप पर बनी रहे।
 शुभ दीपावली!

यही कामना है कि
दिवाली आपके जीवन में
खुशियां लाए,
शुभ दीपावली!

पेट्रोल हाइक है
इन्कम टाइट है
जेब खाली है
फिर भी आप सबको
हैप्पी वाली दिवाली है!

दीयों की रोशनी,
पटाखों का धमाल,
सूरज की किरणें खुशियों की
बौछार, चांद की
चांदनी अपनों का प्यार,
मुबारक हो आपको
दिवाली का त्यौहार!

इस दीवाली के अवसर पर हम
चाहते हैं आपकी खुशी पूरे ईमान से
यही दुआ है कि सब हसरतें पूरी हो आपकी,
और आप मुस्कुराएं दिल-ओ-जान से!
  शुभ दीपावली!

दिवाली की लाइट
करे सब को डिलाइट
पकड़ो मस्ती की फ्लाइट और
धूम मचाओ आॅल नाइट
हैप्पी दिवाली!

दीयों से रोशन हो आपके घर द्वार,
खुशियां आएं बार बार, सफलता हर
दम करे आपका इंतज़ार,
शुभ कामनाओं के साथ
मनाओ दिवाली का त्यौहार

इस दिवाली पर हमारी
कामना है कि आपका हर
सपना पूरा हो और आप
सफलता के उंचे
मुकाम पर पहुंचे
दीपावली की शुभकामनाएं
आपको और आपके अपनों को।


सागर भरी खुशियां,
आसमान भरा प्यार,
मिठाई की खुशबू,
दीपों की बहार,
मुबारक हो आपको
दिवाली का त्यौहार
हैप्पी दिवाली!!

रात थी पूरी काली
लाइफ थी एकदम खाली
फिर सब कुछ गया बदल
जब आप आए हमारे
घर दिवाली पर..
हैप्पी वाली दिवाली है!

Diwali Messages      खुशी आसपास घूमती रहे,
यश इतना फैले की
कस्तूरी शरमा जाए,
लक्ष्मी की कृपा इतनी हो कि
बालाजी भी देखते रह जाएं,
हैप्पी दिवाली!

दीपक की रोशनी
मिठाईयों की मिठास
पटाखों की बौछार
धन धान की बरसात हर पल
हर दिन आपके लिए लाए
धनतेरस का त्यौहार
हैप्पी दिवाली!

दीपावली में खूब
बम, पटाखे चलाएं
पड़ोसियों की नींद उड़ाएं
और लोगों को बहरा
बनाएं आपको दीपावली की हार्दिक
बधाई!

लक्ष्मी आए इतनी कि
सब जगह आपका नाम हो,
दिन रात व्यापार बढ़े
आपका इतना अधिक काम हो,
घर और समाज में
आप बनंे सरताज,
यहीं कामना है हमारी
आपके लिए,
दिवाली की ढेरों शुभकामनाएं!

इस दिवाली में हमारी
कामना है कि आपका हर
सपना पूरा हो,
और आप सफलता के
उंचे मुकाम पर हांे
दीपावली की हार्दिक बधाई
और शुभकामनाएं!

चलो आज फिर एक दीप जलाया जाये
रूठे हुए को फिर मनाया जाये
पोंछ कर आँखों में छिपी उदासी को
जख्मो पे मलहम लगाया जाये
 हैप्पी दिवाली!

जगमग थाली सजाओ,
मंगल दीपो को जलाओ,
अपने घरों और दिलों में
आशा की किरण जगाओ,
खुशियों और समृद्धि से
भरा हो आपका जीवन,
इसी कामना के साथ
शुभ दीपावली.

दीवाली के इस मंगल अवसर पर आप सभी की मनोकामना पूरी हों, खुशियाँ आपके कदम चूमे, इसी कामना के साथ आप सभी को दिवाली की ढेरों बधाई.

Top 15 Funny DIWALI Wishes,Jokes,status,and SMS in Hindi

#1.सूचना –दिवाली पर एक ही तिल्ली से 4-5 दीपक ना जलाये
इससे पिताजी को शक होने लगता है कि,
छोरा सिगरेट पीने लगा है
जनहित में जारी😜
हेप्पी दिवाली
****************************
#2.आँखो से आँसूओं की जुदाई कर दो,
दिल से ग़मों की विदाई कर दो,
अगर दिल ना लगे कहीं तो,
आ जाओ मेरे घर
.
.
और
.
मेरे घर की सफाई कर दो…
और याद रहे
यह Offer दिवाली तक ही है…😛😂😂.
****************************
#3.अगर आपकी गर्लफ्रेन्ड आपसे चाँद सितारों की डिमान्ड करती है,
तो आज ही एक रोकेट खरीद कर, उसे उस पर बिठाकर, रोकेट को आग लगा दो…😜😝
Wish you a Very Happy Diwali and Safe Diwali
****************************
#4.“बुरा ना मानो होली है”
यह कह कर किसीने मुझ पर रंग फेंक दिया था…
.
.
.
आज “बुरा ना मानो दिवाली है” यह कहकर
मैंने उस पर **बम** फेंक दिया…😂
.
.
आज पूरा मोहल्ला मुझे ढूंढ रहा है…😝
Happiest Diwali Friends
****************************
#5.खबरदार कोई भी मुझे हेप्पी दिवाली नहीं बोलेगा
क्योंकि पिछली बार आपकी हार्दिक शुभकामनाओं से मेरा कोई भला नहीं हुआ था
इसलिये इस बार मुझे केस भेजकर देखिये😜😝
हेप्पी दिवालीअमिताभ बच्चन – “मेरे पास Rocket है,
कोटी है,
चकरी है,
अनार है,
मिर्ची बोम्ब है,
तुम्हारे पास क्या है ?”
.
शशी कपूर – “मेरे पास
.
.
मेरे पास… मा…
.
.
चीस है ।
लगा दूँगा सभी पे तो कुछ भी नहीं बचेगा…😅
# Happy Diwali #
****************************
#5.आँखो से आँसूओं की जुदाई कर दो,
दिल से ग़मों की विदाई कर दो,
अगर दिल ना लगे कहीं तो,
आ जाओ मेरे घर
.
.
और
.
मेरे घर की सफाई कर दो…
और याद रहे
यह Offer दिवाली तक ही है…😛😂😂
****************************
#6.खबरदार कोई भी मुझे हेप्पी दिवाली नहीं बोलेगा
क्योंकि पिछली बार आपकी हार्दिक शुभकामनाओं से मेरा कोई भला नहीं हुआ था
इसलिये इस बार मुझे केस भेजकर देखिये😜😝
हेप्पी दिवाली
आपकी दिवाली मंगलमय हो,
आपको दिवाली Advance में मुबारक हो,
****************************
#7.खबरदार कोई भी मुझे हेप्पी दिवाली नहीं बोलेगा
क्योंकि पिछली बार आपकी हार्दिक शुभकामनाओं से मेरा कोई भला नहीं हुआ था
इसलिये इस बार मुझे केस भेजकर देखिये😜😝
हेप्पी दिवालीमें जानता हूँ कि में बहोत जल्दी Wish कर रहा हूँ,
कितुं क्या करू ?
मेरे पास Thousand of Beauties, Hots और Smarties है
जिन्हें मुझे Wish करना है,
इसलिए पहले में
Uncles और Aunties को Wish कर रहा हूँ…😜
****************************
#8.खबरदार कोई भी मुझे हेप्पी दिवाली नहीं बोलेगा
क्योंकि पिछली बार आपकी हार्दिक शुभकामनाओं से मेरा कोई भला नहीं हुआ था
इसलिये इस बार मुझे केस भेजकर देखिये😜😝
हेप्पी दिवालीमें आशा करता हूँ कि,
इस दिवाली के पावन मौके पे,
दिपावली के अलौकिक प्रकाश से,
तुम्हारे दिमाग में कुछ उजाला हो…
और
तूम इंसानो जैसा बर्ताव शुरू कर दो…😜😛
$ HAPPY DIPAWALI IN ADVANCE $
****************************
#9.
O O O O
O O O O O O
O O O O O O O O
O O O O O O O O O O
O O O O O O O O O O O O
.
.
.
अरे !
Diwali के लड्डू है,
Please एक खाकर आगे फोरवर्ड कर देना…
Happy Diwali in Advance…
****************************
#10.देखी मेरी “यारी”, सबसे पहले हमने “बाजी मारी”…😄
Rocket = 90 रू.
.
Bomb = 100 रू.
.
Anar = 80 रू.
.
फुलजरी = 50 रू.
.
चकरी = 100 रू.
कुल = 420 रू.
It’s a completely wastage of money…
क्यु न यही 420 रू. से कुछ चारसो बीसी का काम करें.
एक तंदूरी चिकन लाओ,
और 1 विस्की लाओ टोटल हुआ खर्चा 400 रू.
खूब खाओ और पीओ…
बीवी होगी तो पटाखें खुद ही बजेंगे…
नहीं होगी तो घरवाले बजायेंगे…😜😂😂
Wish you a very Happy Diwali…
****************************
#11.इस बार स्वच्छ दिवाली मनाये
पटाखें फोड़कर ध्वनि प्रदुषण और वायु प्रदुषण न फैलाये
ऐसा बोलने वालें को कुर्सी से बांधकर
उसके नीचे रोकेट और बम जलाये😂
Wish you a very Happy Diwali
****************************
#12.पटाखें कोर्ट ने बंध करवा दिये
दारू को सरकार ने,
और घी और मीठा डॉक्टर ने
अब तो एक ही रास्ता बचा है
आलू के परांठे खाओ 🤭 और दिवाली मनाओं😜🤣
****************************#13.जहाँ इंसान 45 करोड़ सिगरेट प्रतिदन जलाता है
वहाँ साला एक दिन की दिवाली से प्रदूषण फैलाता है
वाह वाह..
झूठे पर्यावरण प्रेमी शांत रहे
पहले खुद बाईक या कार छोड़कर साईकिल चलाये
पेड़ उगाये, फिर ज्ञान फैलाये
खूब पटाखें फो़ड़े, मच्छर भगाये 😀
हेप्पी दिवाली
****************************
#14.पर्यावरण प्रेमी बने
इस दिवाली ध्वनिरहित दिवाली मनाये
पर्यावरण बचाये
अर्थात्
अपनी पत्नी को उसके मायके पहुँचाये😜😂🤣🤣
जनहित में जारी.
****************************
#15.खबरदार कोई भी मुझे हेप्पी दिवाली नहीं बोलेगा
क्योंकि पिछली बार आपकी हार्दिक शुभकामनाओं से मेरा कोई भला नहीं हुआ था
इसलिये इस बार मुझे केस भेजकर देखिये😜😝
हेप्पी दिवाली

Happy Diwali Status in Hindi

 ये दिवाली आपके जीवन में खुशियों की बरसात लाए,
धन और शौहरत की बौछार करे, दिवाली की हार्दिक शुभकामनाएं!
***** Happy Diwali  *****

दीपक का प्रकाश हर पल आपके जीवन में नई रोशनी लाए,
बस यही शुभकामना है आपके लिए इस दीपावली में। शुभ दीपावली!
***** Happy Diwali  *****

दीपावली आए तो रंगी रंगोली, दीप जलाए, धूम धड़ाका, छोड़ा पटाखा,
जली फुलझडि़यां सबको भाए…आप सबको दीपावली की शुभकामनाएं!
***** Happy Diwali  *****

दीपावली में दीपों का दीदार हो,
और खुशियों की बौछार हो। शुभ दीपावली!
***** Happy Diwali  *****
ये दिवाली आपके जीवन
में खुशियों की बरसात
लाए,
धन और शौहरत की
बौछार करे,
**दिवाली की हार्दिक शुभकामनाएं!**

दीपक का प्रकाश हर
पल आपके जीवन में
नई रोशनी लाए,
बस यही शुभकामना
है आपके लिए इस
दीपावली में।
*****शुभ दीपावली!*****

दीपावली आए तो
रंगी रंगोली,
दीप जलाए, धूम
धड़ाका,
छोड़ा पटाखा, जली
फुलझडि़यां
सबको भाए..
आप सबको दीपावली की शुभकामनाएं!
 ***** Happy Diwali  *****

इस दिवाली में यही
कामना है कि
सफलता आपके कदम चूमे
और खुशी आपके आसपास हो।
माता लक्ष्मी की कृपा आप पर बनी रहे।
  ***** Happy Diwali  *****

आपको आशीर्वाद मिले गणेश से
विद्या मिले सरस्वती से
दौलत मिले लक्ष्मी से
प्यार मिले सब से
दिवाली के अवसर पर
यही दुआ है दिल से
 ***** Happy Diwali  *****

श्री राम जी आपके संसार में
सुख की बरसात करें,
और दुखों का नाश करें
प्रेम की फुलझड़ी से
आपका घर आंगन रौशन हो
 ***** Happy Diwali  *****

दीपावली है पर्व दीपों का,
खुशियों और आनंद का,
उजाला और उल्लास का
**दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं!**

दीप जलते जगमगाते रहें,
हम आपको, आप हमें
याद आते रहें,
जब तक जिंदगी है,
दुआ है हमारी कि,
आप चाँद की तरह
जगमगाते रहें,
**दिवाली की ढेरों शुभकामनाएं!**

दिवाली में आपके यहां
धनराशि की बरसात हो,
माँ लक्ष्मी का वास हो,
और संकटों का नाश हो।
आप हर दिल पर राज करें
और आप के घर में
शांति का वास हो।
  ***** Happy Diwali  *****

इस दीपावली में आप धूम मचाएं,
और मौज मनाएं,
 ***** Happy Diwali  *****

इस दिवाली जलाना हजारों दिये
खूब करना उजाला खुशी के लिए
एक कोने में एक दिया जलाना जरुर
जो जले उम्र भर हमारी दोस्ती के लिए
 ***** Happy Diwali  *****

आपके जीवन में सुख,
शांति और समृिद्ध
हमेशा बनी रहे
**शुभ दीपावली!**

  साल भर भले ही
पड़ोसन को अपनी
शक्ल ना दिखाएं..
पर इस दीपावली में
लड्डू, जलेबी खाने,
आप उनके घर जरुर जाएं 
**शुभ दीपावली!**

हर खुशी,
खुशी मांगे आपसे,
हर जि़ंदगी,
जि़ंदगी मांगे आपसे,
इतना उजाला हो
आपके जीवन में,
कि दिया भी रोशनी मांगे आपसे
**हैप्पी दिवाली!**

कुमकुम भरे कदमों से
लक्ष्मीजी आपके द्वार,
सुख संपत्ति
मिले आपको अपार
दिवाली की शुभकामनाएं
करें स्वीकार
**विश यू हैप्पी दिवाली!**

पूजा की थाली, रसोई में
पकवान, आंगन में दीया,
खुशियां हो तमाम,
हाथों में फुलझडि़यां,
रोशन हो जहां, मुबारक हो
आपको दिवाली मेरे यार!
   ** Happy Diwali  **

आए अमावस्या की सुहानी रात
माँ लक्ष्मी का आशीर्वाद
जगमगाते दीपों के साथ
धरती पर चमकते सितारों की
बारात खुशियों भरी
**शुभ दीपावली!**

यही कामना है कि
दिवाली आपके जीवन में
खुशियां लाए,
**शुभ दीपावली!**


 दीवाली है रौशनी का त्यौहार, लाये हर चेहरे पर मुस्कान,

सुख और समृधि की बहार, समेट लो सारी खुशियाँ, अपनों का साथ और
प्यार इस पावन अवसर पर आप सभी को दीवाली का प्यार.
***** Diwali Wishes in Hindi *****

How To Make Mawa Barfi At Home | मावा बर्फी | Hindi

तैयारी का समय : 51-60 मिनट
खाना पकाने के समय : 41-50 मिनट
सर्विंग्स : 4
खाना पकाने का स्तर : मध्यम
सामग्री मावा बर्फी
खोवा / मावा 375 ग्राम
चीनी 1/2 कप
लिक्विड ग्लुकोस 1 छोटी चम्मच
इलाईची का पावडर चुटकी

विधि
स्टेप 1
खोया और चीनी साथ में एक बड़े से नॉन स्टिक कढ़ाई में धीमी आँच पर लगातार चलाते हुए पकाएँ जब तक चीनी पूरी तरह घुल जाए और खोया पिघलने लगे।
स्टेप 2
फिर इसमें लिक्विड ग्लूकोज़ डालकर लगातार चलाते हुए बीस मिनिट तक पकाते रहें जब तक मिश्रण गाढ़ा होकर कढ़ाई के किनारे छोड़ने लगे। अब छोटी इलाइची पावडर डालकर अच्छी तरह मिला लें।
स्टेप 3
अब इस मिश्रण को आठ इन्च x साढ़े पाँच इन्च के घी लगे अल्यूमिनियम ट्रे पर फैलाएँ। ठंडा होने दें और जमने दें। फिर चौकोर या डायमन्ड आकार के टुकड़े काटें और परोसें।
स्टेप 4
मात्रा: 400 ग्राम


Best Rangoli Designs 2018 images for Diwali













How To Make Eggless Cake in Cooker in Hindi | अंडा रहित केक कुकर में बनाये..

अंडा रहित केक कुकर मे बनाना एक उदाहरण है भारत के बहुत ही परिचार्चित इकाई ‘जुगाड़’ का| कुकर भारतीय रसोईघर की धड़कन और आत्मा है|
यह रेसिपी आपको अंडारहित केक बहुत ही नर्म, गुदगुदा और स्वादिष्ट बनाने मे मदद करेगी आपके पसंदीदा कुकर मे जैसे की ओवन मे बनता है|
तैयारी का समय 5 मिनट
पकाने का समय 32 मिनट
कुल समय 37 मिनट
कितना बनेगा 1/2 किलो अंडा रहित केक (4 जन के लिए)

पोषण और कैलोरी
सेवारत आकार (Serving Size)    1 टुकड़ा (3 इंच ऊंचाई, 3 इंच मोटाई)
सेवारत इस विधि में                         8
कैलोरी एक सेवारत इस विधि में         350 कैलोरी
कैलोरी फैट (fat) से                         61 ग्राम फैट

सामग्री
अंडा रहित केक कुकर में बनाने के लिए सामग्री Ingredients for eggless cake in cooker
1/2 कप (1 कप = 240 मिली लीटर) मैदा
1 चम्मच (tsp) बेकिंग पाउडर
1 चम्मच (tsp) वैनिला एसेंस (Vanilla Essence)
55 ग्राम (2 Oz) माखन
3 काजू (छोटे-२ टुकड़ों में काटे हुए)
3 बादाम (छोटे-२ टुकड़ों में काटे हुए)
200 ग्राम (7 Oz) मीठा काढ़ा हुआ दूध (Condensed Milk)

विधि

  1. एक कटोरी ले, उसमे मक्खन डाले और उसे पिघलाए माइक्रोवेव की मदद से| इस प्रक्रिया मे 30 सेकंड लगेंगे| मक्खन को पिघलाने के लिए आप अपने चुल्हे का इस्तेमाल भी कर सकते है| यह ध्यान रखे की मक्खन को चुल्हे पर से पिघलते ही हटा लेना है|
  2. अब हम सारी सामग्री को एक साथ डालकर अच्छी तरह मिलायेंगे मक्खन के साथ|
  3. मैदा, बेकिंग पाउडर, वेनीला एसेंस और कंडेंस्ड दूध डाले पिघले हुए मक्खन मे|
  4. इस मिश्रण को अच्छी तरह मिलाए हाथ के ब्लेंडर की मदद से और एक मुलायम पेस्ट बनाये|
  5. अब मिश्रण तैयार है| अब हमें बेकिंग टिन/बर्तन तैयार करना है|

बेकिंग तिन/बर्तन तैयार करें तैयारी समय: 2 मिनट

  1. हमने गोल आकार की एल्युमीनियम ट्रे/तिन ली है| आप किसी भी आकार की ट्रे इस्तेमाल मे ला सकते है या फिर कोई भी माइक्रोवेव मे सुरक्षित रहने वाला बर्तन इस्तेमाल मे ला सकते है|
  2.  चम्मच (tsp) तेल ले और इस बर्तन के अन्दर चारो तरफ अच्छी तरह से लगा दे|
  3. इसकी दीवारों और तले पर अच्छी तरह १ चम्मच (tsp) मैदा लगाए और लगाया हुआ मैदा समान होना चाहिए| बेकिंग टिन को पकडे और ऐसे घुमाए जिससे की पूरे बर्तन पर अच्छी तरह मैदा लग जाए| मैदा लगी हुई परत से हमें यह पता चल जाएगा की कहा कहा पर तेल लगा है और कहा नहीं लगा है|
  4. अब टिन मे से बचा हुआ मैदा फेक दे| अब हमारी बेकिंग ट्रे/बर्तन तैयार है| इसमें केक का मिश्रण दाल दे|

केक को पकाएं कुकर में पकाने का समय: 37 मिनट

  1. हम 5 लीटर का प्रेशर कुकर इस्तेमाल मे ला रहे है| आप उतने आकार का कुकर इस्तेमाल मे लाये जिसमे की आपका बेकिंग ट्रे/बर्तन आराम से आ जाए|
  2. नोट: हम कुकर मे पानी का इस्तेमाल नहीं कर रहे है| कुछ लोग यह सोचते है की अगर हम कुकर मे पानी नहीं डालेंगे तो कुकर फट भी सकता है| घबराने की कोई बात नहीं है, कुकर नहीं फटेगा क्यूँकि हम कुकर मे केक बनाते समय कुकर की सीटी का इस्तेमाल नहीं कर रहे है| बिना कुकर की सीटी लगाए कुकर के फटने की कोई गुंजायश नहीं होती और हम केक बिना सीटी लगाए बना रहे है|
  3. यह रेसिपी देखी और परखी हुई है इसे बनाने मे कोई डर नहीं है| यह सुरक्षित है
  4. आप एल्युमीनियम का इडली स्टैंड इस्तेमाल मे ला सकते है या फिर कुकर की प्लेट या कोई कटोरी भी कुकर के तले और बेकिंग ट्रे के बीच मे रख सकते है|
  5. यह परत बेकिंग ट्रे/बर्तन को सीधी आंच से बचाएगी| सीधी आंच की वजह से केक जल भी सकता है|
  6. सबसे पहले कुकर मे ट्रे या प्लेट या कटोरी रखे और इस प्लेट पर बेकिंग ट्रे/बर्तन रखे|
  7. चुल्हे को तेज़ आंच पर जलाये| कुकर के ढक्कन को बंद करे| कुकर की सीटी का इस्तेमाल न करे|
  8. अब हमें इसे 2 मिनट के लिए तेज़ आंच पर पकाना है|
  9. 2 मिनट बाद, चुल्हे की आंच को धीमी कर दे और इसे 30 मिनट के लिए पकाए|
  10. अब 30 तक बेक करने के बाद, कुकर का ढक्कन खोले और केक को बाहर निकाले|
  11. केक को परखने के लिए हमें टूथपिक (दांतों में से फसा हुआ खाना निकलने वाली डंडी) की ज़रुरत पड़ेगी| केक के बीच मे टूथपिक डाले| अगर टूथपिक केक से बाहर साफ़ आ गयी तो इसका मतलब यह है की केक तैयार हो गया है| अगर इस्पे कुछ काचा मैदा लगा हुआ दिख रहा है तो आपको केक को 2-5 मिनट तक और बेक करना पड़ेगा|
  12. बेक करने का समय चुल्हे की आंच पर निर्भर है| आपको अपने चुल्हे की आंच का अंदाज़ा ज़्यादा होगा| जादातर केक को दोबारा पकानी की जरूरत नहीं पड़ती| अगर आपको पड़ती है तो इसमें कोई घबराने वाली बात नहीं है| बस केक तो धीमी आंच पर दोबारा रख दे ५ मिनट के लिए और फिर से टूथपिक वाला तरीका अपनाये परखने के लिए|

केक का मज़ा ले

  1. हमें चाकू का इस्तेमाल करना पड़ेगा केक को बेकिंग टिन से अलग करने के लिए| केक को कोई नुकसान नहीं होगा क्यूँकि हमने पहले से ही टिन को तेल से ग्रीस कर रखा है| चाकू को एक बार तिन की दीवार पर चारों तरफ चूमा दे|
  2. अब, एक प्लेट ले और इसे बेकिंग ट्रे के ऊपर रख दे और अब तिन तो उल्टा करके केक को इस प्लेट मे निकाल ले|
  3. आपका मुलायम और गुदगुदा अंडा रहित केक तैयार है|
  4. तो, अभी अभी हमने अंडा रहित केक कुकर मे तैयार किया है, और आप मेरा यकीन माने तो यह ओवन के मुकाबले कुकर मे कम समय मे बनता है|
  5. अंडा रहित केक कुकर में ओवन से भी जल्दी बनता है|


रखाव और परोसना

  • इस केक को आप फ्रिज में रख सकते है 4-5 दिन के लिए| पर इस बात का ध्यान रखे की फ्रिज में रखने से केक कड़क होने लगता है| केक तो ताज़ा बनाकर खाने में ही मज़ा है|
  • आप केक के ऊपर चॉकलेट सॉस या क्रीम लगाकर भी खा सकते है| हम इसे चॉकलेट सॉस के साथ खाना पसंद करते है|
  • आप इसे चोकोर हिस्सों में काटकर शाम ही चाय में नाश्ते की तरह भी परोस सकते है|

Monday, 29 October 2018

Happy Dhanteras Status,Dhanteras Whatsapp Sms Staus In Hindi

सोने का रथ,
चांदनी की पालकी,
बैठकर जिसमें है माँ लक्ष्मी आई,
देने आपको और आपके पूरे परिवार को,
धनतेरस की बधाई….!!! 
Wish You Happy Dhanteras 2017
------------------------------------
------------------------------------
Dhanteras ka ye pyara tyohar,
Jeevan me laye khushiya appar, 
Mata Laxmi viraje aapke dwaar,
Sabhi kamna aapki kare sweekar. 
Happy Dhanvantari Trayodashi!!
------------------------------------
दीप जले तो रोशन आपका जहान हो,
पूरा आपका हर एक अरमान हो, 
माँ लक्ष्मी जी की कृपा बनी रहे आप पर, 
इस धनतेरस पर आप बहुत धनवान हों.
शुभ धनतेरस !!
------------------------------------
 लक्ष्मी देवी का नूर आप पर बरसे,
हर कोई आपसे मिलने को तरसे, 
भगवान आपको दे इतने पैसे, 
कि आप चिल्लर पाने को तरसें.!
शुभ धनतेरस 2017 
------------------------------------
Dhanteras ka shubh din aya,
Sabke liye nayi khushiya laya.
Lakshmi Ganesh viraje apke ghar me,
Sada rahe sukho ki chhaya…..!!!!
Dhanteras Ki Shubhkamna…2018
------------------------------------
धन धान्य भरी है धनतेरस; 
धनतेरस का दिन है बड़ा ही मुबारक;
माता लक्ष्मी है इस दिन की संचालक;
आओ मिल करें पूजन उनका, 
जो हैं जीवन की उद्धारक।
धनतेरस की शुभ कामनायें!….
------------------------------------
आज से ही आपके यहाँ धन की बरसात हो;
माँ लक्ष्मी का वास हो, 
संकटों का नाश हो;
हर दिल पर आपका राज हो,
उन्नति का सर पर ताज हो और घर में शांति का वास हो!
शुभ धनतेरस! 
------------------------------------
बिना धन के आज के ज़माने में किसी को कुछ नहीं चलता,
जनम से लेकर मृत्यु तक धन का महत्व जारी ही रहता,

कहे चाहे कोई कुछ भी धन तो है ही सबका ही चहेता,
धनवान बनने का खवाब यहाँ हर कोई देखता,

मेहनत कर्म करने वाले पर रहे लष्मी जी की कृपा सदा,
लाखो खर्च करने के बाद भी पैसा बचता ही रहे सदा ….!!!

Dhanvantari Puja Vidhi Hindi । धनतेरस पूजा विधि

धनतेरस का त्यौहार कार्तिक कृष्ण त्रयोदशी को मनाया जाता है। इस दिन लोग भगवान धन्वन्तरि की पूजा करते हैं और यमराज के लिए दीप देते हैं। धनतेरस को धनत्रयोदशी भी कहा जाता है। धनतेरस का पर्व आयुर्वेद के देवता के जन्मदिन के रूप में भी मनाया जाता है।
धनतेरस (Dhanteras) 
साल 2018 में धनतेरस (Dhanteras) का त्यौहार 05 नवंबर को मनाया जाएगा।

लक्ष्मी-कुबेर पूजा मुहूर्त (Dhanteras Puja Muhurat): शाम 06:05 से लेकर रात्रि 08:01

प्रदोष काल मुहूर्त: शाम 05:29 से लेकर रात्रि 08:07

धनतेरस पूजा विधि (Dhanteras Puja Vidhi in Hindi) 
स्कंदपुराण के अनुसार कार्तिक कृष्ण त्रयोदशी को प्रदोषकाल में घर के दरवाजे पर यमराज के लिए दीप देने से अकाल मृत्यु का भय खत्म होता है। इस दिन पूरे विधि- विधान से देवी लक्ष्मी और धन के देवता कुबेर की पूजा (Dhanteras Puja Vidhi) करने का विधान है। माना जाता है कि इस दिन प्रदोषकाल में लक्ष्मी जी की पूजा करने से वह घर में ही ठहर जाती हैं।

धनतेरस मंत्र (Dhanteras Mantra Hindi)
दीपदान के समय इस मंत्र का जाप करते रहना चाहिए:
मृत्युना पाशदण्डाभ्यां कालेन च मया सह।
त्रयोदश्यां दीपदानात सूर्यज: प्रीयतामिति॥

इस मंत्र का अर्थ है:
त्रयोदशी को दीपदान करने से मृत्यु, पाश, दण्ड, काल और लक्ष्मी के साथ सूर्यनन्दन यम प्रसन्न हों। इस मंत्र के द्वारा लक्ष्मी जी भी प्रसन्न होती हैं।

धनतेरस के दिन खरीदारी (Shopping on Dhanteras)  
कई लोग इस दिन लक्ष्मी जी और कुबेर जी की भी पूजा करते हैं। मान्यता है कि इस दिन लक्ष्मी-कुबेर जी की पूजा करने से मनुष्य को कभी धन वैभव की कमी नहीं होती। इस दिन खरीदारी करना शुभ माना जाता है। इस दिन विशेषकर बर्तनों और गहनों आदि की खरीदारी की जाती है। इस दिन निम्न चीजें अवश्य खरीदना शुभ माना जाता है:
•    बर्तन
•    चांदी के लक्ष्मी-गणेश जी की मूर्ति
•    कुबेर जी की प्रतिमा
•    लक्ष्मी या श्री यंत्र
•    कौड़ी और कमल गट्टा

Dhanteras 2018: यह है लक्ष्मी पूजा और खरीददारी का शुभ मुहूर्त

धनतेरस 5 नवम्बर 2018 दिन सोमवार को मनाया जाएगा। भारतीय कैलेंडर के अनुसार कार्तिक माह के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि को धन की देवी के उत्सव का प्रारंभ होने के कारण इस दिन को धनतेरस के नाम से जाना जाता है। धनतेरस को धन त्रयोदशी व धन्वन्तरी त्रयोदशी के नाम से भी जाना जाता है। ऐसी मान्यता है कि समुद्र मंथन के समय कलश के साथ माता लक्ष्मी का अवतरण हुआ उसी के प्रतीक के रूप में ऐश्वर्य वृद्धि, सौभाग्य वृद्धि के लिए बर्तन खरीदने की परम्परा शुरू हुई।
ज्योतिर्विद् पं.दिवाकर त्रिपाठी पूर्वांचली ने बताया कि इस दिन स्थिर लग्न में बर्तन आदि सहित कोई भी धातु खरीदना शुभफल दायक होता है। त्रयोदशी तिथि का मान 04 नवम्बर 2018 दिन रविवार को रात में 12:51बजे से 5 नवम्बर 2018 दिन सोमवार की रात 11:17 बजे तक है | अर्थात त्रयोदशी तिथि अर्थात धन त्रयोदशी तिथि 05 नवम्बर 2018 दिन सोमवार को सूर्योदय से रात 11:17 तक रहेगा। अतः गृहोपयोगी सामान त्रयोदशी तिथि के स्थिर लग्न में खरीदना श्रेयस्कर होता है। इस दिन सम्पूर्ण दिन उत्तरा हस्त नक्षत्र, विष्कुम्भ योग एवं वज्र योगा व्याप्त रहेगी।

ज्योतिर्विद् पं.दिवाकर त्रिपाठी ने बताया की इस दिन स्थिर लग्न में की गयी खरीदारी अति शुभफल दायक होती है ---
त्रयोदशी तिथि में स्थिर लग्न
(1) :- सुबह 07:07 से 09:15बजे तक
(2) :-दोपहर 01:00 से 02:30 बजे तक
(3) :- रात 05:35 से 07:30 बजे तक
होने के कारण इस बीच की गयी खरीदारी शुभफल दायी होता है |
इस दिन लक्ष्मी पूजन हेतु श्रेष्ठ मुहूर्त्त प्रदोष काल एवं वृष लग्न 05:35 से 07:30 बजे रात तक है।

इस दिन शुक्र तुला राशि मे स्वगृही होकर मालव्य योग के साथ विद्यमान है तथा मंगल अपनी उच्च राशि मकर में विद्यमान रहेंगे, देव गुरु बृहस्पति मंगल की राशि वृश्चिक में विद्यमान होंगे जो पूर्ण शुभफल दायक होंगे और व्यापारिक वृद्धि एवं चमक धमक में वृद्धि होगी।

(ये जानकारियां धार्मिक आस्थाओं और लौकिक मान्यताओं  पर आधारित हैं, जिसे मात्र सामान्य जनरुचि को ध्यान में रखकर प्रस्तुत किया  गया है।)